सेवा सप्ताह में आशा बहनों का जोरदार सम्मान, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी बोले- ‘आप हैं उत्तराखंड की असली योद्धा’
देहरादून। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी (Cabinet Minister Ganesh Joshi) के जन्मदिवस (31 जनवरी) से पूर्व ‘सेवा सप्ताह’ के अंतर्गत कैंप कार्यालय में आयोजित एक भावपूर्ण समारोह में आशा कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया। मंत्री जोशी ने खुद इन बहनों को प्रमाण-पत्र, शॉल और सम्मान-सूचक उपहार भेंट कर उनका हौसला बढ़ाया। यह आयोजन न केवल सेवा भाव का प्रतीक बना, बल्कि उत्तराखंड की ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ माने जाने वाली आशा कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम को सलाम करने का माध्यम भी साबित हुआ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने भावुक स्वर में कहा, “आज का यह सम्मान मेरे लिए गर्व का क्षण है। समाज की असली ताकत यही आशा बहनें हैं, जो बिना किसी स्वार्थ के गांव-गांव, पहाड़-पहाड़ी और घर-घर जाकर सेवा कर रही हैं। वे न सिर्फ स्वास्थ्य सेविकाएं हैं, बल्कि जागरूकता की मशाल, मां-बच्चों की ढाल और हमारे समाज की सच्ची सेविकाएं हैं।” उन्होंने कोरोना महामारी के दौरान आशा कार्यकर्ताओं की वीरता का जिक्र करते हुए कहा, “जब पूरा देश लॉकडाउन में कैद था, तब ये बहनें सड़कों पर, घर-घर जाकर लोगों की जान बचाने में जुटी रहीं।
ऐसी बहादुरी को सलाम करने के लिए शब्द कम पड़ जाते हैं।” उत्तराखंड की दुर्गम भौगोलिक चुनौतियों पर जोर देते हुए मंत्री जोशी ने कहा, “हमारे पर्वतीय राज्य में जहां सड़कें टूटी हैं और मौसम कठोर, वहां आशा बहनें ही सरकारी योजनाओं की कड़ी बनकर अंतिम छोर तक पहुंचा रही हैं। टीकाकरण से लेकर पोषण अभियान तक, उनके प्रयासों से ही स्वस्थ उत्तराखंड का सपना साकार हो रहा है।” उन्होंने राज्य सरकार की प्रतिबद्धता जाहिर करते हुए आश्वासन दिया, “आशा कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण, सुविधाओं और सशक्तिकरण के लिए सरकार कटिबद्ध है।
भविष्य में उनके लिए और अधिक कल्याणकारी कदम उठाए जाएंगे।” समारोह में भाजपा महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष निर्मला जोशी, मंडल अध्यक्ष प्रदीप रावत, ज्योति कोटिया, संध्या थापा, समीर डोभाल, भावना चौधरी समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय निवासी उपस्थित रहे। आयोजन के दौरान आशा कार्यकर्ताओं ने अपनी चुनौतियों और सफलताओं के अनुभव साझा किए, जिसने माहौल को और प्रेरणादायक बना दिया।
