श्री देव सुमन की पुण्यतिथि पर संघर्ष और बलिदान को किया गया नमन
टिहरी राजशाही के विरुद्ध संघर्ष के अग्रदूत रहे श्री देव सुमन, पुण्यतिथि मनाई
नरेंद्रनगर (टिहरी गढ़वाल)। टिहरी गढ़वाल राजशाही के उन्मूलन के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले महान स्वतंत्रता सेनानी, समाजसुधारक एवं जननायक श्री देव सुमन की 82वीं पुण्यतिथि की पूर्व संध्या पर राजकीय महाविद्यालय नरेंद्रनगर में श्रद्धापूर्वक कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारम्भ महाविद्यालय के प्राचार्य एवं प्राध्यापकों द्वारा श्री देव सुमन के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। इस अवसर पर “श्रीदेव सुमन अमर रहें”के नारों से वातावरण गुंजायमान रहा। वक्ताओं ने कहा कि श्री देव सुमन ने टिहरी रियासत की निरंकुश व्यवस्था के विरुद्ध सत्य, न्याय और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए आजीवन संघर्ष किया। उनका अल्पकाल का जीवन त्याग, साहस, राष्ट्रप्रेम तथा जनसेवा का अनुपम उदाहरण है, जो आज भी युवाओं को समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों के निर्वहन के लिए प्रेरित करता है।
वक्ताओं ने कहा कि श्री देव सुमन का बलिदान उत्तराखंड के इतिहास का स्वर्णिम अध्याय है। उन्होंने लोकतांत्रिक मूल्यों, सामाजिक न्याय और जनहित के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग कर आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनने का गौरव प्राप्त किया। इस अवसर पर कॉलेज के सभी प्राध्यापक, शिक्षणेत्तर कर्मचारी विशेष रूप से मौजूद रहे यह जानकारी कॉलेज मीडिया सेल के डॉ विक्रम सिंह बर्त्वाल ने दी है।